अंजुमन गुलामाने सोसायटी ने की साबिर पाक दरगाह में चादरपोशी
हारून खान ने दिया दरगाह प्रबंधन को चांदी का ताला भेंट
हिन्दू-मुस्लिम एकता और सांप्रदायिक सौहार्द की मिसाल है साबिर पाक दरगाह-जमशेद खान
पिरान कलियर शरीफ स्थित विश्व प्रसिद्ध हजरत साबिर पाक की दरगाह पर 758वां सालाना उर्स जारी है। उर्स के मौके पर देश के विभिन्न राज्यों से लाखों की संख्या में जायरीन कलियर शरीफ पहुंचकर साबिर पाक की दरगाह पर जियारत कर रहे हैं और अपनी मन्नत-मुराद के लिए दुआएं मांग रहे हैं। बृहष्पतिवार को अंजुमन गुलामाने मुस्तफा सोसायटी के पदाधिकारियों की ओर से साबिर पाक दरगाह पर चादर पेश कर मुल्क की सलामती, अमन और खुशहाली के लिए विशेष दुआ की गई।

नामित पार्षद भाजपा नेता हारून खान ने दरगाह प्रबंधन को चांदी का ताला भेंट किया। अंजुमल गुलामाने मुस्फता सोसायटी के उपाध्यक्ष हाजी जमशेद खान ने बताया कि साबिर पाक दरगाह हिन्दू-मुस्लिम एकता और सांप्रदायिक सौहार्द की मिसाल है। बिना किसी जाति-धर्म के भेदभाव के हिन्दू, मुस्लिम, सिख और ईसाई समेत सभी धर्मों के लोग एक साथ कतारों में लगकर साबिर पाक की दरगाह पर जियारत करते हैं। जिससे देशभर में भाईचारे और आपसी एकता का पैगाम जाता है। गौरतलब है कि साबिर पाक दरगाह के प्रति जायरीनों में गहरी आस्था है। मान्यता है कि जो लोग सच्चे मन से यहां पहुंचकर मन्नत मांगते हैं और उनकी मुराद पूरी होती है। इसी आस्था और विश्वास के चलते उर्स के दौरान देश के तमाम राज्यों से लाखों लोग पिरान कलियर शरीफ दरगाह में जियारत के लिए आते हैं।












